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कà¥à¤¯à¤¾ वाकई अखरोट जोड़ों के दरà¥à¤¦ से निजात दिला सकता है? आइठपता करते हैं
सरà¥à¤¦à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ आते ही जोड़ों के दरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ शà¥à¤°à¥‚ हो जाती है। मजबूरन दरà¥à¤¦ निवारक दवाओं का सेवन करना पड़ता है। पर कà¥à¤¯à¤¾ अखरोट इस दरà¥à¤¦ से निजात दिलाने में आपके à¤à¤œà¤¿à¤‚ंग पेरेंटà¥à¤¸ की मदद कर सकता हैं!
जोड़ों का दरà¥à¤¦,(joint pain) à¤à¤• à¤à¤¸à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾ है जो बढ़ती उमà¥à¤° के लोगों में आम हो गई है। इस दरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठलोग कई पà¥à¤°à¤•ार के तेल का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करते हैं साथ ही कई घरेलू नà¥à¤¸à¥à¤–े (home remedies) à¤à¥€ अपनाते हैं। à¤à¤¸à¤¾ ही à¤à¤• सरà¥à¤µà¤¾à¤§à¤¿à¤® पà¥à¤°à¤šà¤²à¤¿à¤¤ नà¥à¤¸à¥à¤–ा है आहार में अखरोट (Walnut) शामिल करना। अकसर कहा जाता है कि अखरोट का सेवन जोड़ों के दरà¥à¤¦ के लिठरामबाण इलाज होता है। पर कà¥à¤¯à¤¾ यह बात वाकई सच है? अगर हां, तो आइठजानते हैं यह कैसे काम करता है।Â
सबसे पहले जानते हैं जोड़ों के दरà¥à¤¦ का कारणÂ
शरीर के जोड़ à¤à¤¸à¥€ जगह मानी जाती हैं, जहां दो या दो से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ (Bones) à¤à¤•-दूसरे से जà¥à¤¡à¤¼à¤¤à¥€ हैं जैसे कि कूलà¥à¤¹à¤¾ या फिर घà¥à¤Ÿà¤¨à¤¾à¥¤ जोड़ों में नरम हडà¥à¤¡à¥€ गदà¥à¤¦à¥‡ की तरह होती हैं जो दबाव में उनकी रकà¥à¤·à¤¾ करती हैं और गतिविधि को सरल बनाती हैं।
लेकिन जब किसी जोड़ में हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के बीच मौजूद कोमल पदारà¥à¤¥ नषà¥à¤Ÿ होने लगता है, तो हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ à¤à¤• दूसरे से रगड़ खाने लगती हैं। जिसकी वजह से दरà¥à¤¦, सूजन और à¤à¤‚ठन होने लगती है। यही घà¥à¤Ÿà¤¨à¥‹à¤‚ में दरà¥à¤¦ का कारण बनता है।
हडà¥à¤¡à¥€ की मजबूती और अखरोट का संबंध!Â
अखरोट (Walnut) में कई घटक और पà¥à¤°à¥‰à¤ªà¤°à¥à¤Ÿà¥€à¤œ होती हैं, जो आपकी हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ और दांतों को मजबूत बनाने का काम करती हैं। अखरोट में अलà¥à¤«à¤¾-लिनोलेनिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ (alpha-linolenic acid) पाया जाता है, जिससे हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ मजबूत रहती हैं।Â
इसके अलावा अखरोट में ओमेगा-3 à¤à¤¸à¤¿à¤¡ (omega-3 acids) की मातà¥à¤°à¤¾ à¤à¥€ होती है, यह सूजन को दूर करता है। à¤à¤¸à¥‡ में अखरोट हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को ऑसà¥à¤Ÿà¤¿à¤¯à¥‹à¤ªà¥‹à¤°à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸ (osteoporosis) होने से रोकता है। बढ़ती उमà¥à¤° के साथ जब शरीर की हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ कमजोर होने लगती हैं, तो अखरोट हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को पोषक ततà¥à¤µ पहà¥à¤‚चाता है, जिससे दरà¥à¤¦ में राहत मिलती है।
akhrot khane se jodo ke dard se aaram milta hai
अखरोट खाने से जोड़ों के दरà¥à¤¦ से आराम मिलता है।
कà¥à¤¯à¤¾ कहता है अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ ?
अखरोट विशेष रूप से ओमेगा -3 फैटी à¤à¤¸à¤¿à¤¡ में उचà¥à¤š होते हैं, जो गठिया के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ को कम करने के लिठदिखाया गया है । à¤à¤• अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ में, संधिशोथ के 90 रोगियों ने ओमेगा -3 फैटी à¤à¤¸à¤¿à¤¡ या जैतून के तेल की खà¥à¤°à¤¾à¤• ली, जिससे उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ फायदा पहà¥à¤‚चा।
कैसे करें अखरोट का सेवन ?
हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की मजबूती के लिठआप अखरोट का दो पà¥à¤°à¤•ार से सेवन कर सकती हैं-
1. à¤à¥€à¤—ा हà¥à¤† अखरोट
अगर आप अपने जोड़ों के दरà¥à¤¦ से छà¥à¤Ÿà¤•ारा पाना चाहते हैं, तो इसके लिठआपको रोजाना सà¥à¤¬à¤¹ खाली पेट à¤à¥€à¤—े हà¥à¤ à¤à¤• अखरोट की गिरी को अचà¥à¤›à¥‡ से चबा चबाकर खाना होगा। à¤à¤¸à¤¾ करने से कà¥à¤› ही दिन में आपको इसके लाठनजर आने लगेंगे ।
2. गरà¥à¤® दूध के साथ खाà¤à¤‚ अखरोट
 दूध ( Milk ) में पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ की मातà¥à¤°à¤¾ काफी अचà¥à¤›à¥€ होती है। जिससे अखरोट ( Wall Nut ) दूध के साथ काफी जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ फायदेमंद होता है। घà¥à¤Ÿà¤¨à¥‹à¤‚ के दरà¥à¤¦ से निजात पाने के लिठअखरोट का दूध के साथ सेवन करें। सà¥à¤¬à¤¹ खाली पेट दूध के साथ अखरोट रोजाना खाने से आपको लाठमहसूस होने लगेगा।Â
जरूरत से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ अखरोट का सेवन है हानिकारक!
यकीनन अखरोट के कई फायदे होते हैं, लेकिन इनका जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सेवन करने से अखरोट के साइड इफेकà¥à¤Ÿà¥à¤¸ à¤à¥€ देखने को मिल सकते हैं। पाचन तंतà¥à¤° में समसà¥à¤¯à¤¾, à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€, वजन बढ़ने की समसà¥à¤¯à¤¾ और अलà¥à¤¸à¤° की परेशानी अखरोट के जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सेवन के परिणाम हो सकते हैं।Â
अलग-अलग तरीकों से अखरोट का सेवन कर सकते हैं।
इसलिà¤, धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखें कि à¤à¤• दिन में à¤à¤• या दो अखरोट से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ का सेवन न करें। कà¥à¤› लोगों को अखरोट से पेट में जलन या गरà¥à¤®à¥€ बढ़ने की समसà¥à¤¯à¤¾ à¤à¥€ होने लगती है। अगर आप अपने à¤à¤œà¤¿à¤‚ग पेरेंटà¥à¤¸ को अखरोट दे रहीं हैं, तो à¤à¤• बार डॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ अवशà¥à¤¯ कर लें।
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